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रामनगरी अयोध्या (Ayodhya) में अब सिर्फ आस्था का केंद्र नहीं रहेगी, बल्कि फूलों की खेती (Flower farming) का नक्शा भी यहीं से बदलेगा। योगी आदित्यनाथ सरकार अयोध्या के पिरखौली क्षेत्र में प्रदेश का पहला ‘Center of Excellence for Flowers’ बनाने जा रही है। तीन हेक्टेयर में फैला ये केंद्र दो करोड़ रुपये की लागत से बनेगा।
क्यों खास है ये सेंटर?
ये सिर्फ एक फूल मंडी नहीं, बल्कि एक तकनीकी हब होगा। यहां किसानों को फूलों की उन्नत प्रजातियों से लेकर वैज्ञानिक खेती, कीट प्रबंधन, आधुनिक सिंचाई और विपणन की पूरी ट्रेनिंग दी जाएगी। यानी अब किसान अनाज के साथ-साथ फूलों की खेती से भी मोटी कमाई कर सकेंगे।
डच गुलाब से लेकर गेंदा तक
इस केंद्र में डच रोज़ जैसी दुर्लभ विदेशी प्रजातियां और गेंदे की उच्च गुणवत्ता वाली वैरायटी लगाई जाएंगी। यानी जो फूल अब तक दूसरे राज्यों या विदेशों से मंगवाए जाते थे, वे अब अयोध्या की मिट्टी में खिलेंगे।
राम मंदिर को होगा सीधा फायदा
राम मंदिर में रोज़ बड़ी मात्रा में फूल चढ़ते हैं। ये सेंटर मंदिर के लिए गुणवत्तापूर्ण फूलों की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करेगा। इससे बाहर से फूल मंगाने पर होने वाला खर्च बचेगा और स्थानीय किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
किसानों की आमदनी होगी दोगुनी
अयोध्या के उप निदेशक उद्यान अनूप कुमार चतुर्वेदी बताते हैं कि योगी सरकार किसानों की आय दोगुनी करने के लिए लगातार काम कर रही है। अब किसान सिर्फ गेहूं-धान नहीं, बल्कि फूल उगाकर कम लागत में अधिक मुनाफा कमा सकते हैं। यह केंद्र उनके लिए एक प्रशिक्षण और मार्गदर्शन का बड़ा जरिया बनेगा।
क्या-क्या सुविधाएं होंगी?
1.आधुनिक ग्रीनहाउस :- मौसम की मार से बचाव
2.ड्रिप इरिगेशन:- कम पानी में बेहतर उत्पादन
3.सोलर पावर :- बिजली की चिंता खत्म
4.टिश्यू कल्चर लैब :- उन्नत बीज तैयार करने के लिए
रोजगार के नए दरवाज़े खुलेंगे
यह केंद्र सिर्फ खेती नहीं, बल्कि रोजगार का इंजन भी होगा। फूलों की कटाई, पैकेजिंग, परिवहन, प्रोसेसिंग और ड्राई फ्लावर बनाने से लेकर एक्सपोर्ट तक के अवसर पैदा होंगे। सैकड़ों युवा और महिलाएं रोजगार से जुड़ेंगे।
सिर्फ अयोध्या नहीं, पूरा प्रदेश होगा फूला-फूला
पिरखौली सिर्फ शुरुआत है। इसी तर्ज पर मथुरा और वाराणसी में भी ऐसे केंद्र खोले जाएंगे। योगी सरकार का विजन है कि पूरे उत्तर प्रदेश में फूल उत्पादन का एक मजबूत नेटवर्क तैयार हो, ताकि किसान आत्मनिर्भर बनें और प्रदेश फूलों के मामले में देश का अग्रणी राज्य बने।
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