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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को Food and Agriculture Organization of the United Nations (FAO) की ओर से प्रतिष्ठित ‘एग्रीकोला मेडल’ 2026 (‘Agricola Medal’ 2026) से सम्मानित किया गया। ये पुरस्कार FAO का सर्वोच्च सम्मान है, जो वैश्विक खाद्य सुरक्षा और सतत कृषि में शानदार योगदान के लिए दिया जाता है।
30 साल बाद कोई भारतीय प्रधानमंत्री FAO हेडक्वाटर पहुंचा
प्रधानमंत्री मोदी का रोम स्थित FAO मुख्यालय दौरा पिछले 30 सालों में किसी भारतीय प्रधानमंत्री की यहां पहली उपस्थिति थी। FAO के महानिदेशक डॉ. क्यू डोंग्यु (FAO Director-General Dr. Qu Dongyu) ने ये पुरस्कार प्रदान किया। पीएम मोदी ने ये सम्मान भारत के 14 करोड़ से अधिक किसानों और कृषि वैज्ञानिकों को समर्पित करते हुए कहा, ‘यह सम्मान मेरा नहीं, बल्कि हर उस किसान का है जो रात-दिन अन्न उगाता है और दुनिया को भूखमरी से बचाता है।’
क्यों मिला यह पुरस्कार?
FAO ने पीएम मोदी को ये सम्मान देने के पीछे कई ऐतिहासिक उपलब्धियां गिनाईं:
- दुनिया की सबसे बड़ी खाद्य सुरक्षा योजना :- कोविड काल में 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि:- 11 करोड़ किसानों को सीधा लाभ, हर साल 6,000 रुपये
- ‘प्रति बूंद अधिक फसल’ :- माइक्रो-इरिगेशन से पानी की बचत, फसल बढ़ी
- 3,000 क्लाइमेट-रेजिलिएंट किस्में :- सूखा, बाढ़ और गर्मी सहन करने वाली फसलें
- डिजिटल कृषि इंफ्रास्ट्रक्चर :- AI, ड्रोन, सेंसर और रिमोट सेंसिंग से किसानों को रीयल-टाइम सलाह
- मोटे अनाज (मिलेट्स) का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष:- FAO के साथ मिलकर 2023 में पोषक अनाजों को वैश्विक पहचान
- प्राकृतिक खेती और जैविक कृषि :- मिट्टी के स्वास्थ्य के लिए रासायनिक खादों में कमी
- जी-20 अध्यक्षता में डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर :- वैश्विक सार्वजनिक वस्तु के रूप में डिजिटल तकनीक को बढ़ावा
- ग्लोबल साउथ के लिए अन्नदाता :- अफ्रीका, एशिया के गरीब देशों को भारत से खाद्य सहायता
- कृषि में वैज्ञानिक दृष्टिकोण :- सरकार की नीतियां अब डेटा और तकनीक से संचालित
किसानों के लिए क्या बदलाव आया? (2014-2026)
रीसर्च से पता चलता है कि पिछले 12 सालों में भारतीय कृषि ने करवट बदली है-
- सिंचाई कवरेज: 40 से बढ़कर 55 फीसदी से ज़्यादा
- किसानों की आमदनी: कई राज्यों में दोगुनी के करीब
- ड्रोन से कीटनाशक छिड़काव : अब 50 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में
- मिट्टी स्वास्थ्य कार्ड: 12 करोड़ किसानों को मुफ्त जांच
FAO महानिदेशक ने क्या कहा?
डॉ. क्यू डोंग्यु (Dr. Qu Dongyu) ने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने दिखा दिया कि एक विकासशील देश भी तकनीक और नीति के संयोजन से भूखमरी को हरा सकता है। उनकी डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर की दूरदर्शिता पूरे ग्लोबल साउथ के लिए मॉडल है।”
क्यों है ये मेडल ख़ास?
एग्रीकोला मेडल FAO का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। इससे पहले यह पुरस्कार कुछ ही ग्लोबल लीडर्स को मिला है। 2026 में पीएम मोदी का चयन इसलिए किया गया क्योंकि भारत ने-
- SDG-2 (शून्य भूख) की दिशा में सबसे तेज़ प्रगति की
- कोविड के बाद भी 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन देकर मानवीय सहायता का रिकॉर्ड बनाया
- ‘ग्लोबल साउथ’ के लिए खाद्य सुरक्षा का मॉडल पेश किया
ये पुरस्कार सिर्फ पीएम मोदी को सम्मान नहीं है, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों, 14 करोड़ किसानों और हजारों कृषि वैज्ञानिकों की मेहनत की ग्लोबल पहचान है। जब पीएम ने कहा कि “भारत की कृषि अब जलवायु-रेजीलिएंट और फ्यूचर-रेडी है,” तो उनका भरोसा भारतीय किसान की शक्ति पर ही था।
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