उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए बड़ा मौका! Dragon Fruit की खेती पर मिल रही भारी सब्सिडी

ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit) की खेती सबसे फायदेमंद इसलिए है क्योंकि एक बार पौधा लगाने के बाद यह करीब 20 से 25 सालों तक फल देता रहता है।

क्या आप जानते हैं कि आज के दौर में उत्तर प्रदेश (Uttar Pardesh) के किसान नई-नई फसलों को अपनाकर अपनी किस्मत बदल रहे हैं? अब वक्त आ गया है कि पारंपरिक खेती के साथ-साथ उन फसलों को भी आजमाया जाए जो कम वक्त में मोटा मुनाफा देती हैं। ऐसी ही एक फसल है ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit)। ये विदेशी फल आज उत्तर प्रदेश के किसानों के बीच काफी फेमस हो रही है और एक बेहतरीन ऑप्शन साबित हो रही है। और सबसे अच्छी बात? UP सरकार इस फसल पर किसानों को भारी अनुदान भी दे रही है।

क्या है इस खेती का खर्चा और कितनी मिलेगी सब्सिडी?

अगर आप एक एकड़ में ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit) की खेती करना चाहते हैं, तो इस पर करीब 6 लाख 75 हजार रुपये तक की लागत आती है।  इतनी बड़ी रकम? चिंता न करें! उत्तर प्रदेश सरकार इस पर 40 फीसदी तक का भारी अनुदान दे रही है। यानी अगर आप 1 एकड़ में खेती करते हैं, तो आपको करीब 2 लाख 70 हजार रुपये की सब्सिडी मिल सकती है। सरकार की इस मदद से किसानों पर शुरुआती बोझ काफी कम हो जाता है।

कमाई का गणित: एक बार लगाओ, 25 साल कमाओ!

ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit) की खेती सबसे फायदेमंद इसलिए है क्योंकि एक बार पौधा लगाने के बाद यह करीब 20 से 25 सालों तक फल देता रहता है। इसके पौधे लगभग 12 से 18 महीनों में फल देना शुरू कर देते हैं। इसके बाद तीसरे साल से किसानों को प्रति एकड़ 5 से 7 लाख रुपये तक का शुद्ध मुनाफा हो सकता है। कुछ प्रगतिशील किसान तो इस खेती से सालाना 20 लाख रुपये तक कमा रहे हैं। बाजार में इस ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit) की कीमत 80 से 300 रुपये प्रति किलो तक होती है। इसकी डिमांड देश ही नहीं, विदेशों में भी काफी है।

क्यों है ड्रैगन फ्रूट की खेती ख़ास?

1.कम पानी में भी अच्छी पैदावार: ये फसल कम सिंचाई में भी बढ़िया उत्पादन देती है, जो बदलते मौसम के लिहाज से एक बड़ा फायदा है।

2.पोषक तत्वों से भरपूर: स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता के कारण बाज़ार में इसकी मांग बढ़ती जा रही है।

ऐसे करें योजना में आवेदन

अगर आप भी ड्रैगन फ्रूट (Dragon Fruit) की खेती करके इसका फायदा लेना चाहते हैं, तो आप अप्लाई कर सकते हैं-

  1. ऑनलाइन: उत्तर प्रदेश उद्यान विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट (हॉर्टनेट) पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं। 
  2. ऑफलाइन: अपने ज़िले के जिला उद्यान अधिकारी (District Horticulture Officer) के ऑफिस में जाकर कॉन्टेक्ट करें।

ज़रूरी दस्तावेज़: आवेदन के लिए आधार कार्ड, बैंक पासबुक, खेत की खतौनी और पासपोर्ट साइज़ फोटो की ज़रूरत होगी। योजना का लाभ ‘पहले आओ-पहले पाओ’ के आधार पर दिया जाता है,  इसलिए जल्दी करें। 

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सम्पर्क सूत्र: किसान साथी यदि खेती-किसानी से जुड़ी जानकारी या अनुभव हमारे साथ साझा करना चाहें तो हमें फ़ोन नम्बर 9599273766 पर कॉल करके या [email protected] पर ईमेल लिखकर या फिर अपनी बात को रिकॉर्ड करके हमें भेज सकते हैं। किसान ऑफ़ इंडिया के ज़रिये हम आपकी बात लोगों तक पहुंचाएंगे, क्योंकि हम मानते हैं कि किसान उन्नत तो देश ख़ुशहाल।

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