Global Rajasthan Agritech Meet 2026: जयपुर में होगा कृषि का ग्लोबल महाकुंभ, स्टार्टअप्स से लेकर निवेशक होंगे एक मंच पर

Global Rajasthan Agritech Meet 2026: 3 मई (शनिवार) को हुई उच्चस्तरीय बैठक में कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल ने साफ निर्देश दिए। गर्मी के मौसम में किसानों को पेयजल, छाया, सरस की ठंडी लस्सी और अन्य सुविधाओं में कोई कमी न रहे। GRAM 2026 सिर्फ एक मेला नहीं, ये राजस्थान के किसानों के उज्ज्वल भविष्य का नक्शा है।

गर्मी की तपिश के बीच राजस्थान की धरती किसानों के लिए नई उम्मीद लेकर आ रही है। 23 से 25 मई 2026 तक जयपुर के JECC, सीतापुरा में Global Rajasthan Agritech Meet 2026 (GRAM 2026) का आयोजन होगा। ये सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि एशिया के सबसे बड़े कृषि तकनीक मंचों में से एक है, जहां तकनीक और कृषि मिलकर किसानों की आमदनी बढ़ाने का रास्ता दिखाएंगे।

 

मेगा इवेंट में जयपुर के किसान सीखेंगे नई टेक्नोलॉजी  

इस मेगा इवेंट में प्रदेश की हर ग्राम पंचायत से चुनकर आए 75,000 से अधिक किसान हिस्सा लेंगे। यानी, राजस्थान के कोने-कोने से किसान जयपुर आएंगे, नई तकनीक सीखेंगे।

यहां किसानों को ड्रोन से दवाई छिड़कना, AI (Artifical Intelligence) से फसलों की निगरानी, Precision Farming (सटीक खेती), और जैविक-प्राकृतिक खेती के गुर सिखाए जाएंगे।

इतना ही नहीं, ये मंच स्टार्टअप्स, एग्रीटेक कंपनियों, वैज्ञानिकों और निवेशकों को एक साथ लाएगा। यहां बात होगी कि किसान अपनी फसल को दुनिया तक कैसे एक्सपोर्ट करें, और उसकी कीमत कैसे बढ़ाएं (value addition)। किसान सीधे निवेशकों से मिलकर अपने प्रोजेक्ट के लिए फंड भी जुटा सकेंगे।

बदल जाएगी राजस्थान की कृषि की तस्वीर

मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के नेतृत्व में GRAM 2026 को ग्लोबल पहचान दी जा रही है। उनका साफ कहना है, जैविक खेती अब कोई ऑप्शन नहीं, बल्कि भविष्य की मजबूरी है। केमिकल फ्री खेती से मिट्टी की उर्वरता बढ़ेगी, किसानों की लागत घटेगी और पर्यावरण भी बचेगा। यही संदेश GRAM 2026 की रीढ़ होगा।

क्या होगा GRAM 2026 में?

  • किसानों, वैज्ञानिकों, निवेशकों और नीति निर्माताओं का मिलन सब एक ही छत के नीचे
  • नई एग्री टेक, ड्रोन, स्मार्ट सिंचाई, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, ऑर्गेनिक फार्मिंग की लाइव प्रदर्शनी
  • विदेशों से आए एक्सपर्ट सिखाएंगे कम पानी में ज्यादा उपज कैसे लें
  • किसानों के लिए सरकारी योजनाओं के कैंप, मुफ्त मिट्टी जांच, पशु बीमा, डेयरी प्रोत्साहन

किसानों के लिए खुशख़बरी 

सीएम शर्मा ने बड़ा ऐलान किया है कि PM किसान योजना के 6,000 रुपये से अधिक राज्य सरकार के 3,000 रुपये (कुल 9,000 रुपये) अब मिल रहे हैं। जल्द ही इसे बढ़ाकर 12,000 रुपये प्रति साल करने की योजना है। साथ ही, मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना से 12 लाख से अधिक पशु Free Insured हो चुके हैं। मुख्यमंत्री दुग्ध उत्पादक संबल योजना (Chief Minister’s Milk Producer Support Scheme) के तहत डेयरी किसानों को प्रति लीटर दूध पर 5 रुपये का प्रोत्साहन दिया जा रहा है।

पानी बचाने वाली तकनीक अपनाएं किसान

मुख्यमंत्री ने सलाह दी है कि स्प्रिंकलर और ड्रिप सिंचाई (Sprinkler and Drip Irrigation) अपनाएं। राजस्थान में अब तक 4.8 लाख हेक्टेयर में माइक्रो इरिगेशन (Micro-irrigation) लग चुकी है, 12,476 जल भंडारण संरचनाएं (Water Storage Structures) बन चुकी हैं और 32,918 किलोमीटर सिंचाई पाइपलाइन डेवलप हो चुकी है।

राजस्थान का दबदबा : किन फसलों में है नंबर-1?

राजस्थान बाजरा, सरसों, तिलहन, जौ और ग्वार के उत्पादन में देश में पहले स्थान पर है। मूंग और मूंगफली में दूसरे और सोयाबीन में तीसरे स्थान पर है।

किसानों के लिए आख़िरी संदेश

3 मई (शनिवार) को हुई उच्चस्तरीय बैठक में कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल ने साफ निर्देश दिए। गर्मी के मौसम में किसानों को पेयजल, छाया, सरस की ठंडी लस्सी और अन्य सुविधाओं में कोई कमी न रहे। GRAM 2026 सिर्फ एक मेला नहीं, ये राजस्थान के किसानों के उज्ज्वल भविष्य का नक्शा है।

Global Rajasthan Agritech Meet 2026 का आयोजन  23 से 25 मई 2026, JECC, जयपुर में होगा।

इसे भी पढ़िए: Amazon ने भारतीय किसानों से 3 करोड़ डॉलर में ख़रीदा कार्बन क्रेडिट: क्या अब धान के खेत बनेंगे किसानों की आय का नया ज़रिया?

सम्पर्क सूत्र: किसान साथी यदि खेती-किसानी से जुड़ी जानकारी या अनुभव हमारे साथ साझा करना चाहें तो हमें फ़ोन नम्बर 9599273766 पर कॉल करके या [email protected] पर ईमेल लिखकर या फिर अपनी बात को रिकॉर्ड करके हमें भेज सकते हैं। किसान ऑफ़ इंडिया के ज़रिये हम आपकी बात लोगों तक पहुँचाएँगे, क्योंकि हम मानते हैं कि किसान उन्नत तो देश ख़ुशहाल।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top