Tractor Subsidy Scheme: उत्तर प्रदेश सरकार की ‘ट्रैक्टर अनुदान योजना’, एससी किसानों को मिलेंगे 3 लाख तक,जानें पूरी डिटेल

उत्तर प्रदेश सरकार की ‘ट्रैक्टर अनुदान योजना’ (Tractor Subsidy Scheme) न सिर्फ किसानों की आमदनी बढ़ाएगी, बल्कि उन्हें मॉर्डन एग्रीकल्चर की मेन स्ट्रीम से भी जोड़ेगी।

Tractor Subsidy Scheme: उत्तर प्रदेश सरकार की 'ट्रैक्टर अनुदान योजना', एससी किसानों को मिलेंगे 3 लाख तक,जानें पूरी डिटेल

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के Scheduled Caste (SC) वर्ग के किसानों के लिए एक ऐतिहासिक और शानदार स्कीम की शुरुआत की है। ‘ट्रैक्टर अनुदान योजना’ (Tractor Subsidy Scheme) न सिर्फ किसानों की आमदनी बढ़ाएगी, बल्कि उन्हें मॉर्डन एग्रीकल्चर की मेन स्ट्रीम से भी जोड़ेगी। इस योजना के तहत पात्र (Eligibility) किसानों को 45 हॉर्सपावर या उससे ज़्यादा के ट्रैक्टर ख़रीदने पर 3 लाख रुपये तक की सीधी सब्सिडी मिलेगी।

क्यों है ये स्कीम गेम-चेंजर?

उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ कृषि है, लेकिन आज भी बड़ी संख्या में छोटे और सीमांत किसान पुराने ढर्रे पर खेती करने को मजबूर हैं। उनके पास संसाधनों का अभाव है। इस स्कीम का सीधा टारगेट है संसाधनों की खाई को पाटना और एससी समुदाय के किसानों को आत्मनिर्भर बनाना। ट्रैक्टर मिलने से खेती के हर स्टेप-जुताई से लेकर कटाई और ढुलाई तक में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।

किसानों को क्या-क्या फायदे होंगे?

1.वक्त और श्रम की बचत: ट्रैक्टर से सभी काम तेजी से होंगे, जिससे किसानों की शारीरिक मेहनत कम होगी और वे दूसरी गतिविधियों पर फोकस दे सकेंगे।

2.लागत में कमी: मजदूरों पर निर्भरता कम होगी,समय पर खेत तैयार होने से पानी, बीज, खाद का कुशल उपयोग (Efficient use) होगा, जिससे कुल प्रोडक्शन  लागत घटेगी।

3.उत्पादन में बढ़ोतरी: आधुनिक तकनीक से जुड़ने और टाइम पर काम होने से फसल की क्वालिटी और पैदावार दोनों बढ़ेगी।

4.आत्मनिर्भरता: किसानों को बड़े किसानों या मशीन किराए पर लेने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति (Economic Situation) मज़बूत होगी।

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कितनी मिलेगी सब्सिडी और कैसे?

इस स्कीम के तहत,अधिकतम 3 लाख रुपये की सब्सिडी दी जाएगी। ये राशि Direct Benefit Transfer (DBT) के जरिए सीधे किसान के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाएगी। इससे पारदर्शिता बनी रहेगी और बिचौलियों की संभावना ख़त्म होगी।

किन दस्तावेजों की है ज़रूरत?

  • अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र (Scheduled Caste Certificate)
  • आधार कार्ड (Aadhar card)
  • बैंक खाता विवरण (IFSC कोड सहित)
  • जमीन से संबंधित दस्तावेज (खतौनी/Land records)
  • लेखपाल की ओर सत्यापित रिपोर्ट

कैसे करें अप्लाई? लास्ट डेट ज़रूर याद रखें

इस योजना के लिए सिर्फ ऑनलाइन एप्लीकेशन ही एक्सेप्ट किए जाएंगे। किसानों को 15 जनवरी, 2026 की लास्ट डेट से पहले कृषि विभाग, उत्तर प्रदेश के आधिकारिक डीबीटी पोर्टल (Official DBT portal of the Agriculture Department, Uttar Pradesh) agriculture.up.gov.in पर जाकर अप्लाई करना होगा। विभाग ने साफ किया है कि ऑफलाइन आवेदन एक्सेप्ट नहीं होंगे।

उत्तर प्रदेश सरकार की ये स्कीम सामाजिक न्याय और कृषि विकास (Social justice and agricultural development) का एक शानदार मिक्सचर है। ये न सिर्फ एससी कम्युनिटी के किसानों को सशक्त करेगी, बल्कि राज्य की एग्री कल्चर प्रोडक्टिविटी  को भी नए आयाम देगी।

सम्पर्क सूत्र: किसान साथी यदि खेती-किसानी से जुड़ी जानकारी या अनुभव हमारे साथ साझा करना चाहें तो हमें फ़ोन नम्बर 9599273766 पर कॉल करके या kisanofindia.mail@gmail.com पर ईमेल लिखकर या फिर अपनी बात को रिकॉर्ड करके हमें भेज सकते हैं। किसान ऑफ़ इंडिया के ज़रिये हम आपकी बात लोगों तक पहुँचाएँगे, क्योंकि हम मानते हैं कि किसान उन्नत तो देश ख़ुशहाल।

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