Krishi Vigyan Kendra: किस मकसद के साथ शुरू हुए कृषि विज्ञान केन्द्र? देश भर में मनाई गई स्वर्ण जयंती

कृषि विज्ञान केन्द्र (Krishi Vigyan Kendra, KVK) भारत में कृषि और कृषि से जुड़े अन्य आयामों के टेक्नोलॉजी विस्तार का एक केन्द्र है। जहां पर किसानों को खेती-किसानी की नई तकनीकों से लेकर किस्मों की ट्रेनिंग या फ़ार्म विज़िट के माध्यम से नई-नई जानकारियां दी जाती हैं।

कृषि विज्ञान केन्द्र golden jubilee of krishi vigyan kendras

कृषि के क्षेत्र में अहम भूमिका अदा करने वाले कृषि विज्ञान केन्द्र को 21 मार्च 2024 को 50 साल हो गए हैं। इस मौके पर भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद सहित देश भर के कृषि संस्थानों और कृषि विज्ञान केंद्रों (Krishi Vigyan Kendra, KVK) ने इस विशेष दिन को स्वर्ण जयंती के रूप में मनाया।

पहला कृषि विज्ञान केंद्र(Krishi Vigyan Kendra)

कृषि अनुसंधानों, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद और किसानों के बीच संबंध स्थापित करने के उद्देश्य से कृषि विज्ञान केन्द्र (KVK) को साल 1973 में आईसीएआर (ICAR) की ओर से गठित की गई डॉ. मनमोहन सिंह मेहता की अध्यक्षता वाली समिति की सिफ़ारिश के आधार पर स्थापित किया गया। साल 1974 में तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय, कोयंबटूर के प्रशासनिक नियंत्रण में पहले कृषि विज्ञान केन्द्र को पुडुचेरी (पांडिचेरी) में फ़ार्म साइंस सेंटर के रुप में स्थापित किया गया था।

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कृषि विज्ञान केन्द्रों का सफ़र 

पांचवीं पंचवर्षीय योजना साल 1974 से 1978 के दौरान योजना आयोग (वर्तमान में नीति आयोग) ने भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद को 18 कृषि विज्ञान केन्द्र स्थापित करने की मंजूरी दी थी। छठवीं पंचवर्षीय योजना (1980-1985) के दौरान 14 कृषि विज्ञान केन्द्रों को स्थापित करने की मंज़ूरी दी गई। उसके बाद साल 1984 में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने केवीके पर मूल्यांकन कर एक समिति का गठन किया।

जिस समिति ने समीक्षा के बाद देश में और अधिक कृषि विज्ञान केन्द्रों को स्थापित करने की सिफ़ारिश की। इस बात को ध्यान में रखते हुए योजना आयोजन (वर्तमान में नीति आयोग) ने छठी पंचवर्षीय योजना के तहत ही 44 और नए केवीके को स्थापित करने की मंजूरी दे दी।

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सातवीं पंचवर्षीय योजना (1985-90) के तहत 20 नए कृषि विज्ञान केन्द्रों को स्थापित करने की मंज़ूरी मिली। इस तरह लगातार कृषि विज्ञान केन्द्रों की सफ़लता के चलते देश भर में और अधिक कृषि विज्ञान केन्द्रों को स्थापित करने की मांग उठी। इसीलिए योजना आयोग ने साल 1992-93 में दौरान 74 और कृषि विज्ञान केन्द्रों को स्थापित करने की मंज़ूरी दे दी।

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15 अगस्त 2005 को देश के तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने दिल्ली के लाल किले से अपने भाषण के दौरान कहा थी कि हमारा लक्ष्य है कि 2007 तक हर ज़िले में एक कृषि विज्ञान केन्द्र हो। इससे उन्नत अनुसंधान और प्रशिक्षण का लाभ हमारे सभी ग्रामीण भाइयों तक पहुंचेगा। इसी का परिणाम था कि दसवीं पंचवर्षीय योजना के अंत तक लगभग 551 कृषि विज्ञान केन्द्रों की बढ़ोतरी हुई।

वर्तमान में कृषि विज्ञान केन्द्रों की संख्या

मौजूदा समय में देश में 731 कृषि विज्ञान केन्द्र स्थापित हो चुके हैं। देश भर के कृषि विज्ञान केंद्र भारत के 11 कृषि प्रौद्योगिकी अनुप्रयोग अनुसंधान संस्थानों (ATARI) के अधिकार क्षेत्र में आते हैं।

अटारी जोन I लुधियाना-72 कृषि विज्ञान केंद्र

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 जम्मू और कश्मीर 20
2 लद्दाख 4
3 पंजाब 22
4 उत्तराखंड 13
5 हिमाचल प्रदेश 13

अटारी जोन II जोधपुर – 66 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 दिल्ली 1
2 हरियाणा 18
3 राजस्थान 47

अटारी जोन III कानपुर 89 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 उत्तर प्रदेश 89

अटारी जोन IV पटना -68 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 बिहार 44
2 झारखंड 24

अटारी जोन V कोलकाता – 59 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 अंडमान एवं निकोबार द्धीप 3
2 ओडिशा 33
3 पंश्चिम बंगाल 23

अटारी जोन VI गुवाहाटी 47 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 सिक्किम 4
2 असम 26
3 अरुणाचल प्रदेश 17

अटारी जोन VII बारापानी- 43 कृषि विज्ञान केंद्र (KVK)

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 मणिपुर 9
2 मेघालय 7
3 मिजोरम 8
4 नागालैंड 11
5 त्रिपुरा 8

अटारी जोन VIII पुणे – 81 कृषि विज्ञान केंद्र

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 गोवा 2
2 गुजरात 30
3 महाराष्ट्र 50

अटारी जोन IX जबलपुर – 82 कृषि विज्ञान केंद्र

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 छत्तीसगढ़ 28
2 मध्य प्रदेश 54

अटारी जोनX हैदराबाद- 76 कृषि विज्ञान केंद्र

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 तमिलनाडु 33
2 पुदुचेरी 3
3 आंध्र प्रदेश 24
4 तेलंगाना 16

अटारी जोनXI बेंगलुरू – 48 कृषि विज्ञान केंद्र

क्रमांक राज्य का नाम कृषि विज्ञान केंद्रों की संख्या
1 केरल 14
2 लक्षद्धीप 1

 

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सम्पर्क सूत्र: किसान साथी यदि खेती-किसानी से जुड़ी जानकारी या अनुभव हमारे साथ साझा करना चाहें तो हमें फ़ोन नम्बर 9599273766 पर कॉल करके या [email protected] पर ईमेल लिखकर या फिर अपनी बात को रिकॉर्ड करके हमें भेज सकते हैं। किसान ऑफ़ इंडिया के ज़रिये हम आपकी बात लोगों तक पहुँचाएँगे, क्योंकि हम मानते हैं कि किसान उन्नत तो देश ख़ुशहाल।

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