77th Republic Day पर किसानों से सीधा संवाद: पीएम फसल बीमा में बड़ा बदलाव, बन रही Farmer ID और नए बिल से Food Seeds पर सख़्ती!

किसानों को गणतंत्र दिवस (77th Republic Day) की बधाई देते हुए कृषि मंत्री चौहान (Union Agriculture Minister Shivraj Singh Chauhan) ने कहा, ‘भारत लोकतंत्र की जननी है। कृषि हमारी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और किसान इसकी आत्मा हैं।’ उन्होंने कहा कि राजपथ पर देश के पराक्रम का जो नज़ारा दिखा, उसे बनाने में किसानों का योगदान सबसे अहम है। इस साल तीन किसानों का पद्म पुरस्कारों के लिए चुना जाना भी इसी सम्मान का प्रतीक है।

77th Republic Day पर किसानों से सीधा संवाद: पीएम फसल बीमा में बड़ा बदलाव, बन रही Farmer ID और नए बिल से Food Seeds पर सख़्ती!

77वें गणतंत्र दिवस (77th Republic Day) के ऐतिहासिक मौके पर राजपथ (कर्तव्य पथ) पर परेड में शामिल होकर आए देश के कोने-कोने के किसानों से केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान (Union Agriculture Minister Shivraj Singh Chauhan) ने बातचीत की ये मुलाकात पूसा स्थित भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) में हुई, जहां शिवराज सिंह चौहान ने किसानों के वर्तमान और भविष्य से जुड़े कई बड़े ऐलान किए और आने वाले समय की नीतियों की झलक दिखाई।

किसान हैं अर्थव्यवस्था की आत्मा: शिवराज

किसानों को गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए कृषि मंत्री चौहान ने कहा, ‘भारत लोकतंत्र की जननी है। कृषि हमारी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और किसान इसकी आत्मा हैं।’ उन्होंने कहा कि राजपथ पर देश के पराक्रम का जो नज़ारा दिखा, उसे बनाने में किसानों का योगदान सबसे अहम है। इस साल तीन किसानों का पद्म पुरस्कारों के लिए चुना जाना भी इसी सम्मान का प्रतीक है।

ये हैं बड़े ऐलान: फसल बीमा से लेकर फार्मर आईडी तक

 1.फसल बीमा में बड़ा बदलाव: प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत अब अगर किसी किसान का दावा 22 दिन में नहीं निपटता, तो उसे देरी पर 12 फीसदी ब्याज मिलेगा। साथ ही, सरकार जंगली जानवरों और बाढ़ से होने वाले नुकसान को भी बीमे के दायरे में लाने पर काम कर रही है।
2.बन रही ‘फार्मर आईडी’: सरकार किसानों के लिए स्पेशल ‘फार्मर आईडी’ तैयार हो रही है। इससे सभी सरकारी योजनाओं और सुविधाओं तक पहुंच आसान होगी और कागज़ी दस्तावेज घटेंगे।
3.नए सख़्त कानून आ रहे: संसद के आगामी सत्र में नया कीटनाशक एक्ट और बीज बिल लाया जाएगा। इनमें नकली या घटिया कीटनाशक व बीज बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई कठोर होगी और 30 लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान होगा।
4.दालों पर फोकस: सरकार अब दालों की पूरी खरीद कर रही है। साथ ही, विदेश से आने वाली दाल पर 30 फीसदी आयात शुल्क लगाया गया है, ताकि घरेलू किसानों को उचित मूल्य मिल सके।
5.चावल निर्यात को बढ़ावा: चावल निर्यात पर लगी न्यूनतम निर्यात मूल्य (MEP) की Compulsion हटा दी गई है, जिससे किसानों को इंटरनेशनल मार्केट में बेहतर दाम मिलने की उम्मीद है।

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‘विकसित कृषि संकल्प अभियान’ फिर से शुरू

कृषि मंत्री ने बताया कि ‘विकसित कृषि संकल्प अभियान’ को फिर से लॉन्च किया जाएगा। पिछले साल किसानों से मिले सुझावों पर काम करने के लिए ICAR ने 52 विशेष टीमें बनाई हैं, जो मैदान में जाकर किसानों को वैज्ञानिक सलाह देकर उनकी उपज बढ़ाने में मदद करेंगी।

प्राकृतिक खेती पर जोर, छोटे किसानों को मज़बूती

केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी ने कहा कि सरकार Natural and organic farming को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने और मंत्री रामनाथ ठाकुर ने दोहराया कि छोटी जोत वाले किसानों को लाभकारी खेती से जोड़ना और इंटीग्रेटेड फार्मिंग को बढ़ावा देना प्राथमिकता है। लक्ष्य है कि खेती फायदे का व्यवसाय बने।

किसानों ने रखे सुझाव

कार्यक्रम में हरियाणा की किसान अनीता कुमारी और मध्य प्रदेश के राजेश पाल जैसे प्रगतिशील किसानों ने भी अपने अनुभव और सुझाव शेयर किए। इस मौके पर कृषि सचिव डॉ. देवेश चतुर्वेदी और ICAR के महानिदेशक डॉ. एम.एल. जाट भी मौजूद रहे।

सम्पर्क सूत्र: किसान साथी यदि खेती-किसानी से जुड़ी जानकारी या अनुभव हमारे साथ साझा करना चाहें तो हमें फ़ोन नम्बर 9599273766 पर कॉल करके या kisanofindia.mail@gmail.com पर ईमेल लिखकर या फिर अपनी बात को रिकॉर्ड करके हमें भेज सकते हैं। किसान ऑफ़ इंडिया के ज़रिये हम आपकी बात लोगों तक पहुँचाएँगे, क्योंकि हम मानते हैं कि किसान उन्नत तो देश ख़ुशहाल।

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