PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त पर IARI में राष्ट्रीय किसान गोष्ठी, वैज्ञानिकों और मंत्रियों ने साझा की नई पहलें

PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त वितरण पर IARI में किसान गोष्ठी आयोजित हुई, जिसमें तकनीक, योजनाओं और किसान कल्याण पर विस्तृत चर्चा हुई।

PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त वितरण पर IARI में किसान गोष्ठी

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त के राष्ट्रव्यापी वितरण के अवसर पर भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI), नई दिल्ली में एक विशेष किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस आयोजन में बड़ी संख्या में किसान, वैज्ञानिक, नीति-निर्माता और वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को नवीनतम कृषि तकनीकों, सरकारी योजनाओं और PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त से जुड़े लाभों की जानकारी देना था।

IARI के विस्तार कार्यक्रमों पर शुरुआती सत्र में चर्चा

कार्यक्रम की शुरुआत संयुक्त निदेशक (विस्तार) डॉ. आर. एन. पडारिया के स्वागत भाषण से हुई। उन्होंने किसानों को सशक्त बनाने में आईएआरआई की भूमिका, वैज्ञानिक अनुसंधान, तकनीक ट्रांसफर और कृषि नवाचारों के महत्व को विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त एक ऐसा कदम है जिसने किसानों के जीवन में समयबद्ध आर्थिक सहयोग की मज़बूती को और अधिक पुख्ता किया है।

केंद्रीय मंत्रियों ने किसानों के योगदान और सरकारी योजनाओं को रेखांकित किया

ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्री कमलेश पासवान का संबोधन

उन्होंने कहा कि सरकार ग्रामीण आजीविका को मज़बूत करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। किसानों के पारंपरिक ज्ञान और एकीकृत कृषि प्रणाली (IFS) को भविष्य की खेती की रीढ़ बताते हुए उन्होंने PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त को आर्थिक स्थिरता का एक मज़बूत आधार बताया।

युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा निखिल खडसे का वक्तव्य

उन्होंने कहा कि किसान राष्ट्र की वास्तविक शक्ति हैं और उन्हें सक्षम बनाना विकसित भारत के लक्ष्य का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने जैविक खेती और एकीकृत खेती के विस्तार का आह्वान किया और बताया कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त से लाखों किसानों को समय पर सहायता हासिल हुई है।

कॉरपोरेट कार्य व सड़क परिवहन राज्य मंत्री श्री हर्ष मल्होत्रा का संदेश

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में किसान-हितैषी योजनाएं तेजी से आगे बढ़ी हैं। उन्होंने DBT आधारित PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त को पारदर्शिता और समयबद्धता का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। साथ ही कृषि मूल्य श्रृंखला को मज़बूत बनाने के लिए लॉजिस्टिक्स और अवसंरचना के विकास पर भी जोर दिया।

वैज्ञानिकों द्वारा तकनीकी सत्र

IARI के वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण तकनीकी सत्र आयोजित किए। इनमें प्राकृतिक खेती, उन्नत दाल किस्में, गुणवत्तापूर्ण बीज उत्पादन, रबी फ़सलों में खरपतवार नियंत्रण, संरक्षित खेती और एकीकृत कृषि प्रणाली प्रमुख रहे। इस कार्यक्रम में 254 पुरुष किसान और 10 महिला किसान शामिल हुए, जो दर्शाता है कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त को लेकर किसानों में उत्साह और जागरूकता बढ़ी है। पूर्व विधायक आर. पी. सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और विशेषज्ञ इस महत्वपूर्ण आयोजन का हिस्सा बने।

PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त पर IARI में राष्ट्रीय किसान गोष्ठी, वैज्ञानिकों और मंत्रियों ने साझा की नई पहलें

PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त का लाइव प्रसारण और प्रधानमंत्री का संदेश

सभी किसानों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लाइव संबोधन सुना, जिसमें उन्होंने देश के अन्नदाताओं को बधाई दी। प्रधानमंत्री ने कहा कि किसानों की मेहनत से ही देश खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बना है। उन्होंने बताया कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त के तहत देशभर के 9 करोड़ से अधिक किसानों के खातों में ₹18,000 करोड़ से अधिक राशि सीधे भेजी गई। यह पारदर्शिता और तकनीक-आधारित प्रणाली की सफलता का प्रतीक है।

उन्होंने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने, FPOs की भूमिका मज़बूत करने और बायोफर्टिलाइज़र पर GST में कमी से होने वाले लाभों पर भी चर्चा की। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। अब तक कुल 20 किस्तों में 3.9 लाख करोड़ रुपये सीधे किसानों के खातों में हस्तांतरित किए जा चुके हैं।

किसानों का खेत भ्रमण,नई तकनीक का प्रत्यक्ष अनुभव

कार्यक्रम के बाद किसानों को IARI के अनुसंधान खेतों का भ्रमण कराया गया। यहां उन्होंने नई किस्मों, उन्नत तकनीकों, संरक्षण विधियों और वैज्ञानिकों के ongoing रिसर्च को प्रत्यक्ष रूप से देखा। किसानों ने कहा कि PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त ने न केवल आर्थिक मदद दी बल्कि इस तरह के कार्यक्रमों में उनकी सहभागिता को भी बढ़ाया है।

निष्कर्ष

IARI में आयोजित यह किसान गोष्ठी न सिर्फ़ PM किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त के वितरण का उत्सव थी, बल्कि किसानों को नई तकनीक, नीति और वैज्ञानिक प्रगति से जोड़ने का एक प्रभावी मंच भी साबित हुई। यह आयोजन कृषि क्षेत्र में नवाचार, पारदर्शिता और किसान-केंद्रित विकास की दिशा में एक और सशक्त कदम है।

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