Author name: Kanchan Singh

Kanchan Singh
DeHaat- Agritech startup , जो किसानों को एक ही जगह पर दे रहा है बीज से बाज़ार तक की सुविधा
एग्री बिजनेस

DeHaat- Agritech startup , जो किसानों को एक ही जगह पर दे रहा है बीज से बाज़ार तक की सुविधा

हमारे देश में दूर-दराज के इलाकों के किसानों को आज भी मिट्टी की जांच, अच्छी क्वालिटी के खाद और बीज के लिए अलग-अलग जगहों पर भटकना पड़ता है। किसानों की इन्हीं समस्यों का हल है DeHaat के पास है।

वर्मीकम्पोस्ट व्यवसाय vermicompost business
जैविक/प्राकृतिक खेती, एग्री बिजनेस, न्यूज़

Vermicompost Business: जानिए वर्मीकम्पोस्ट बिज़नेस से जुड़े नोएडा के राम पांडे किन बातों का रखते हैं ध्यान

वर्मीकम्पोस्ट जिसे केंचुआ खाद भी कहा जाता है, पोषक तत्वों से भरपूर जैविक खाद होती है। जिसे गोबर और केंचुए की मदद से तैयार किया जाता है। इस प्रक्रिया में केंचुए बहुत अहम होते हैं। इसलिए केंचुए की सही देखभाल करके बिज़नेस से अच्छा मुनाफ़ा कमाया जा सकता है।

अंकुरित काजू
एग्री बिजनेस, न्यूज़

नौकरी गई तो शुरू किया अंकुरित काजू का व्यवसाय और बन गए सफल कृषि उद्यमी

जब दिल में कुछ करने की चाह हो तो रास्ते अपने आप ही बन जाते हैं, ऐस ही कुछ हुआ कुन्नूर के रहने वाले ब्रिजिथ कृष्णा के साथ। नौकरी खोने के बाद भी वह मायूस नहीं हुए और लगातार कुछ नया करने की कोशिश करते रहे। उन्हें एक नया आइडिया निकाला अंकुरित काजू का व्यवयास करने का और कुछ ही समय में यह आइडिया हिट भी हो गया।

पॉलीहाउस तकनीक 2
टेक्नोलॉजी, न्यूज़, सक्सेस स्टोरीज

पॉलीहाउस तकनीक: वर्टिकल फ़ार्मिंग से कैसे मिलेगा अधिक उत्पादन, क्या है इसका सही तरीका? जानिए एक्सपर्ट से

बुंदेलखंड की सख्त ज़मीन पर पॉलीहाउस तकनीक से खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसमें बांदा कृषि विश्वविद्यालय अहम भूमिका निभा रहा है। मुश्किल परिस्थितियों में सब्ज़ियों का उत्पदान कैसे पूरे साल किया जाए, इसके लिए विश्वविद्यालय ने एक प्रोजेक्ट के तहत 200 स्क्वायर मीटर के छोटे एरिया में कई पॉलीहाउस लगाए हुए हैं। जानिए सूखाग्रस्त क्षेत्रों में पॉलीहाउस तकनीक से खेती के बारे में विस्तार से।

grafting technique
सक्सेस स्टोरीज

विदेश से सीखी grafting technique, अब छत्तीसगढ़ के किसानों की ज़िंदगी बदल रहें हैं मितुल कोठारी

मितुल कोठारी का पॉलीहाउस काफी हाइटेक है जिसकी लगात करीब 3.5 करोड़ रुपए है। उनका पॉलीहाउस FAN-PAD ग्रीन हाउस टेक्नोलॉजी वाला है जिसे हाइटेक ग्रीनहाउस भी बोलते हैं।

नौकरी छोड़ मशरूम के लिए कंपोस्ट बनाने वाले उत्तराखंड के शिवम लोगों को देते हैं मुफ्त प्रशिक्षण
सक्सेस स्टोरीज

नौकरी छोड़ मशरूम के लिए कंपोस्ट बनाने वाले उत्तराखंड के शिवम लोगों को देते हैं मुफ्त प्रशिक्षण

कंपोस्ट बनाने की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से बताते हुए शिवम कहते हैं कि मान लीजिए 1000 बैग कंपोस्ट बनाना है तो भूसा तीन गुना हो जाता है। 40 क्विंटल भूसे में 1000 से 1200 बैग कंपोस्ट बन सकता है। कंपोस्ट बनाने के लिए अगर 40 क्विंटल भूसा है तो उसमें 70 प्रतिशत मुर्गे की बीट (chicken manure) मिलाते हैं।

किचन गार्डन (Kitchen Garden)
न्यूज़, फल-फूल और सब्जी

बेकार पड़ी चीज़ों से किचन गार्डन (Kitchen Garden) बनाकर पौष्टिक सब्ज़ियां उगा रहीं बरेली की सुनीता सिंह

किचन गार्डन बनाने से सुनीता सिंह के महीने की सब्जियां खरीदने का खर्च तो कम हुआ ही, साथ ही तरोताज़ा सब्जियां भी खाने को मिलती हैं।

धान थ्रेसिंग मशीन Paddy Threshing Machine
कृषि उपकरण, न्यूज़

सोलर चलित धान थ्रेसिंग मशीन (Paddy Threshing Machine): छोटे किसानों के लिए कैसे है फ़ायदेमंद?

धान की बुवाई और कटाई के साथ ही इसकी थ्रेसिंग का काम भी बहुत मेहनत वाला होता है। पहाड़ी इलाकों और छोटे किसानों तक धान थ्रेसिंग मशीन पहुंचाने के लिए वैज्ञानिकों ने पैडल वाली और सोलर चालित थ्रेसिंग मशीनें विकसित की हैं, जो किफ़ायती और हल्की हैं।

नारियल कृषि व्यवसाय coconut agri business
एग्री बिजनेस, न्यूज़

Coconut Farming: नारियल कृषि व्यवसाय से सफल उद्यमी बनीं अंडमान निकोबार की सुनैना सोनी

नारियल कृषि व्यवसाय देश के सिर्फ दक्षिणी राज्यों ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों में भी नारियल और नारियल से बने उत्पादों की बहुत मांग है। नारियल पाउडर की मांग दिनों-दिन बढ़ती जा रही है क्योंकि मिठाई बनाने में इसे इस्तेमाल करना आसान है। अंडमान-निकोबार की एक महिला ने नारियल पाउडर के बढ़ते बाज़ार को देखते हुए इसे न सिर्फ व्यवसाय के रूप में अपनाया, बल्कि सफलता की मिसाल भी पेश की।

औषधीय पौधों की खेती
सक्सेस स्टोरीज

कैसे औषधीय पौधों की खेती पर किसानों की मदद करता है ये कृषि विश्वविद्यालय, प्रोफ़ेसर विनोद कुमार से बातचीत

बुंदेलखंड के किसानों को पारंपरिक खेती के अलावा औषधीय पौधों की खेती के लिए प्रेरित करने के मकसद से झांसी के रानी लक्ष्मीबाई कृषि विश्वविद्यालय में औषधीय पौधों का उद्यान बनाया गया है।

Modern Farming Methods in india खेती की आधुनिक तकनीक
टेक्नोलॉजी

Modern Farming Methods: खेती की आधुनिक तकनीकें जिसे अपनाकर किसान कर सकते हैं सफ़ल खेती

आज के इस मॉर्डन युग में तकनीक का इस्तेमाल हर क्षेत्र में बढ़ा है, ऐसे में भला कृषि कैसे इससे पीछे रह सकती है। आधुनिक तकनीकों से लेकर उपकरणों तक के इस्तेमाल ने किसानों के लिए खेती को न सिर्फ आसान बना दिया है, बल्कि इसे अधिक मुनाफे का सौदा बना दिया है।

ऑटोमैटिक सोलर लाइट ट्रैप automatic solar light trap
टेक्नोलॉजी

ऑटोमैटिक सोलर लाइट ट्रैप: कैसे कीटों से करे फसलों का बचाव? जानिए क्या रहता है दाम

उत्तराखंड में किसान और कंपनियां मिलकर जैविक खेती या नेचुरल खेती को प्रमोट कर रही हैं। ऐसे में कंपनियों की ओर से कई ऐसे Agri-Equipment बनाए जा रहे हैं, जो किसानों की मदद करेंगे और फसलों को किसी तरह का नुकसान नहीं होगा। ऐसा ही एक Agri-Equipment है ऑटोमैटिक सोलर लाइट ट्रैप।

HRMN-99
न्यूज़, सक्सेस स्टोरीज

HRMN-99 सेब के जनक हरिमन शर्मा से जानिए मैदानी इलाकों में क्रांति लाने वाली इस किस्म के अस्तित्व में आने की कहानी

मणिपुर, महाराष्ट्र और कर्नाटक जैसे राज्यों में बड़े पैमाने पर व्यवसायिक रूप से इसका उत्पादन हो रहा है। अब तक वो 28 राज्यों में 17 लाख पौधे लगा चुके हैं और 23 राज्यों में सफलतापूर्वक उत्पादन हो रहा है।

देसी गुड़ की पहचान
सक्सेस स्टोरीज, न्यूज़

कोल्हू में कैसे बनता है शुद्ध देसी गुड़ और क्या है देसी गुड़ की पहचान, जानिए उत्तराखंड के संजय कुमार से

संजय बताते हैं कि आमतौर पर गुड़ को 5-5 किलो के आकार में जमाया जाता है जिसके लिए लकड़ी के सांचों का इस्तेमाल होता है

Ornamental Plants
सक्सेस स्टोरीज, न्यूज़

मात्र 1.5 लाख रुपए में शुरू कर सकते हैं Ornamental Plants नर्सरी बिज़नेस, जानिए खिलावन साहू से

खिलावन साहू जो एक नर्सरी केयरटेकर है वो बताते हैं कि उनकी नर्सरी में ज़्यादातर सजावटी पौधे बाहर से मंगाए जाते हैं, हालांकि कुछ पौधे वो कलम से भी तैयार करते हैं।

Mini Rice Mill Machine
न्यूज़, सक्सेस स्टोरीज

गोरखपुर के राम मिलन ने बनाई बिना बिजली चलने वाली  Mini Rice Mill Machine, छोटे किसानों के लिए है लाभकारी

गोरखपुर के रहने वाले राम मिलन MIT इंजीनियरिंग कॉलेज मेरठ में नीति आयोग के अंतर्गत नवाचार का काम करते हैं। वो पिछले 4 सालों से कॉलेज में नवाचार का काम कर रहे हैं। इसी के तहत उन्होंने Mini Rice Mill Machine बनाई है।

traditional farming
सक्सेस स्टोरीज, न्यूज़

Traditional farming के साथ मशरूम उत्पादन से अतिरिक्त कमाई कर रहे हैं ऑस्ट्रेलिया रिटर्न यतेंदर भाटिया

यतेंदर ने मेरठ से स्कूल की पढ़ाई पूरी की और फिर 2007 में ऑस्ट्रेलिया चले गए और वहां से ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग में डिग्री हासिल की। इसके बाद वो मेलबर्न में ही एक कंपनी में नौकरी करने लगे। करीब 6 साल नौकरी करने के बाद उनका मन बदलने लगा और उन्होंने धीरे-धीरे देश लौटने का मन बना लिया।

IFFCO
न्यूज़

नैनो फर्टिलाइज़र क्यों है नई ज़माने की खेती की ज़रूरत, जानिए IFFCO के मार्केटिंग डायरेक्टर डॉ. योगेंद्र कुमार से

खेती में यूरिया, डीएपी और नैनो यूरिया/डीएपी की बहुत अहम भूमिका होती है और भारतीय किसानों को इसकी आपूर्ति करता

QS world ranking 2025
न्यूज़, सक्सेस स्टोरीज

QS world ranking 2025: देश का पहला कृषि विश्वविद्यालय किसानों के हित के लिए कैसे कर रहा है काम?

पंतनगर में साल में दो किसान मेले का आयोजन किया जाता है जहां किसानों को नई-नई तकनीक के बारे में जानकारी दी जाती है, विभिन्न किस्म के बीज उपलब्ध कराए जाते हैं और उन्हे एक अच्छा बाज़ार उपलब्ध कराया जाता है।

मृदा-जल सरंक्षण
न्यूज़

घास, एलोवेरा और बांस लगाकर कैसे किया जा सकता है मृदा-जल सरंक्षण, जानिए वैज्ञानिकों की राय

किसानों को जैविक तरीके से मृदा जल सरंक्षण करके खेती के नए मॉडल की जानकारी देने की दिशा में बुंदेलखंड के रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय विश्वविद्यालय के भारतीय मृदा और जल संरक्षण संस्थान के वैज्ञानिक लगातार काम कर रहे हैं।

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